हिमवंती मीडिया/श्री रेणुका जी
आज श्री रेणुका जी मन्दिर में ऋषि पंचमी के पावन अवसर पर श्री श्री 1008 महामण्डलेश्वर परमहंस ब्रह्मर्षि सद् गुरू महाराज दयानंद भारती के द्वारा 41वां गायत्री स्थापना दिवस हर्षोल्लास से मनाया गया। इस अवसर पर गुरू जी ने कहा कि परमपिता परमात्मा से बढ़कर कुछ भी नहीं है। हर मानव में उसका वास है। इसलिए हमें मानवता को पूर्ण रूप से अंगीकार करना होगा तभी समाज का हित हो सकेगा। सनातन को भूलना अपने संस्कार भूलना है। यदि हम अपने बच्चों को संस्कारी और सदाचारी बनाना चाहते हैं तो हमें स्वयं को एक आदर्श बनना होगा। इस अवसर पर निम्नलिखित 10 महानुभावों को गायत्री पुरस्कार से सम्मानित किया गया। आई.ए.एस. सिरमौर 2.भरत सिंह ठाकुर, मुख्य कार्यकारी अधिकारी, रेणुका जी विकास बोर्ड 3. अनुज ठाकुर, वन अधिकारी, रेणुका 4.सुरेन्द्र सूर्या, जिला परिषद सदस्य, कोटी धमान 5. राजेन्द्र ठाकुर, अध्यक्ष भगवान परशुराम सेवा दल, जामू भौज 6. अनिल ठाकुर, पूर्व प्रधान, खुड द्रविल पंचायत 7. हेमंत चौहान, टी.वी. पत्रकार 8. रमेश चहल, पूर्व सरपंच व समाजसेवी 9. शमशेर सिंह एडवोकेट, सेवानिवृत्त अधिकारी 10.आर.एल. शर्मा, चेयरमैन एच.एस.आई.डी.सी.उपरोक्त सभी महानुभावों को शॉल, स्मृति चिन्ह् व प्रमाण पत्र देकर गुरू महाराज द्वारा आशीर्वाद देकर सम्मानित किया।
इस अवसर पर उमेश धर्मपाल शर्मा एवं कुलदीप पंडित प्यारे लाल जी विशिष्ट अतिथि के रूप में कार्यक्रम में उपस्थित रहे। गुरू महाराज द्वारा इन दोनो को भी स्मृति चिन्ह् देकर सम्मानित किया गया। मंच संचालन आचार्य राजेष वशिष्ठ द्वारा किया गया। गायत्री मन्दिर से जुड़े सभी जनों ने गुरू जी का आशीर्वाद प्राप्त किया।
