हिमवंती मीडिया/शिमला
मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने पेंशनर्स दिवस के अवसर पर बिलासपुर जिला के घुमारवीं में हिमाचल प्रदेश पेंशनर्स संयुक्त मोर्चा द्वारा आयोजित राज्य स्तरीय समारोह में संबोधित करते हुए कहा कि यह दिवस केवल एक औपचारिक आयोजन नहीं है, बल्कि उन सेवाओं, त्याग और समर्पण को नमन करने का अवसर है, जिनके बल पर हिमाचल प्रदेश की प्रशासनिक व्यवस्था सशक्त और सुचारू बनी हुई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पेंशनरों ने अपने सेवाकाल में ईमानदारी, निष्ठा और कर्तव्यबोध के साथ कार्य करते हुए प्रदेश और सरकार की नींव को मजबूत किया है। आज जो संस्थाएं सुदृढ़ हैं और व्यवस्थाएं प्रभावी ढंग से कार्य कर रही हैं, उसके पीछे सेवानिवृत्त कर्मचारियों का अथक परिश्रम और बहुमूल्य अनुभव निहित है। प्रदेश सरकार उनके इस अमूल्य योगदान के प्रति सदैव कृतज्ञ रहेगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार कर्मचारियों और पेंशनरों के कल्याण के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि पूर्व सरकार के दौरान वेतन और पेंशन से जुड़ी जो बड़ी बकाया राशि प्रदेश पर छोड़ी गई थी, उसे भी वर्तमान सरकार चरणबद्ध और व्यवस्थित तरीके से अदा कर रही है। राज्य सरकार ने प्राथमिकता के आधार पर 75 वर्ष या इससे अधिक उम्र के पेंशनरों/पारिवारिक पेंशनरों को उनके बकाया पेंशन/पारिवारिक पेंशन एरियर का पूरा भुगतान कर दिया है। पिछली सरकार ने केवल 20 प्रतिशत एरियर का भुगतान किया था। प्रदेश सरकार ने 80 प्रतिशत एरियर का भुगतान किया है। सरकार ने 70 वर्ष से अधिक उम्र के पेंशनरों/पारिवारिक पेंशनरों को उनके कुल पेंशन/पारिवारिक पेंशन के एरियर का 70 प्रतिशत का भुगतान कर दिया है। पिछली सरकार ने 20 प्रतिशत एरियर का भुगतान किया था, जबकि प्रदेश सरकार ने इस वर्ग के पेंशनरों को 50 प्रतिशत एरियर का भुगतान किया है। इन पेंशनरों के बकाया एरियर का भुगतान 40 दिन के भीतर कर दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि 65 से 70 वर्ष की आयु वर्ग के पेंशनर्स के कुल एरियर का 38 प्रतिशत भुगतान कर दिया है। पिछली सरकार ने 20 प्रतिशत एरियर का भुगतान किया गया था, जबकि हमारी सरकार ने गंभीर वित्तीय स्थिति के बावजूद अतिरिक्त 18 प्रतिशत एरियर का भुगतान किया है। इस पर 75 करोड़ रुपये खर्च हुआ है। उन्होंने कहा कि 65 वर्ष से कम आयु के पेंशनर्स को 35 प्रतिशत एरियर का भुगतान कर दिया गया है। पिछली सरकार ने 20 प्रतिशत एरियर का भुगतान किया है, जबकि हमारी सरकार ने अब तक अतिरिक्त 15 प्रतिशत एरियर का भुगतान किया है। इस पर कुल 110 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं। नगर एवं ग्राम नियोजन व तकनीकी शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी ने घुमारवीं पधारने पर मुख्यमंत्री का स्वागत किया और क्षेत्र के लिए 69 करोड़ रुपए लागत की विकासात्मक परियोजनाएं समर्पित करने के लिए उनका आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में आर्थिक चुनौतियों के बावजूद मुख्यमंत्री ने वित्तीय अनुशासन सुनिश्चित किया और आय के नए संसाधन भी सृजित किए। उन्होंने प्रदेश सरकार द्वारा लागू की गई विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की भी विस्तृत जानकारी दी। हिमाचल प्रदेश पेंशनर्स संयुक्त मोर्चा के राज्य अध्यक्ष आत्मा राम शर्मा ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया। उन्होंने वर्तमान प्रदेश सरकार द्वारा कर्मचारियों को दिए जा रहे विभिन्न वित्तीय लाभों की विस्तार से जानकारी दी और पेंशनर्स की मांगों के बारे में भी अवगत करवाया। इस अवसर पर आयुष मंत्री यादविंद्र गोमा, मुख्यमंत्री के राजनीतिक सलाहकार सुनील शर्मा बिट्टू, महिला आयोग की सदस्य रीना पुंडीर, एपीएमसी के अध्यक्ष सतपाल वर्धन, पूर्व विधायक तिलक राज और बंबर ठाकुर, कांग्रेस नेता विवेक कुमार, हिमाचल प्रदेश पेंशनर संयुक्त मोर्चा के पदाधिकारी, सदस्य और गणमान्य उपस्थित रहे।
GIPHY App Key not set. Please check settings