हिमवंती मीडिया/शिमला
भारतीय जनता पार्टी हिमाचल प्रदेश द्वारा राजधानी शिमला में कांग्रेस सरकार की प्रतिशोधपूर्ण राजनीति, भ्रष्टाचार, जनविरोधी निर्णयों, कानून-व्यवस्था की बिगड़ती स्थिति तथा लोकतांत्रिक संस्थाओं के दुरुपयोग के विरोध में विशाल धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया। कार्यक्रम का नेतृत्व नेता प्रतिपक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने किया, जबकि इसकी अध्यक्षता भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने की। धरना-प्रदर्शन में प्रदेशभर से पहुंचे हजारों भाजपा कार्यकर्ताओं, जनप्रतिनिधियों, पदाधिकारियों और समर्थकों ने भाग लिया। धरना-प्रदर्शन को संबोधित करने के बाद भाजपा कार्यकर्ता शांतिपूर्ण रैली के रूप में शिमला के शेर-ए-पंजाब तक पहुंचे और वहां से मुख्यमंत्री आवास ओकओवर का घेराव किया।
इस दौरान कांग्रेस सरकार, मुख्यमंत्री और उनके मंत्रिमंडल के खिलाफ भ्रष्टाचार, प्रतिशोध की राजनीति, जनविरोधी नीतियों तथा लोकतंत्र की हत्या को लेकर जोरदार नारेबाजी की गई। सैकड़ों कार्यकर्ता मुख्यमंत्री आवास के बाहर धरने पर बैठ गए और कांग्रेस सरकार को तत्काल बर्खास्त करने की मांग उठाई। नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने अपने संबोधन में कहा कि कांग्रेस सरकार ने सत्ता में आते ही विकास कार्यों और जनकल्याणकारी योजनाओं पर ताले लगाने की राजनीति शुरू कर दी थी। चार वर्षों का कार्यकाल पूरा होने को है, लेकिन सरकार आज भी बंदी और तालाबंदी की राजनीति से बाहर नहीं निकल पाई है। उन्होंने कहा कि पंचायत और शहरी निकाय चुनावों को टालने के लिए सरकार ने हरसंभव प्रयास किए, क्योंकि उसे पहले से पता था कि जनता उसका सूपड़ा साफ कर देगी। भारतीय जनता पार्टी ने हाईकोर्ट से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक लोकतंत्र की लड़ाई लड़ी और अंततः चुनाव हुए। परिणामस्वरूप प्रदेश की जनता ने कांग्रेस सरकार के खिलाफ ऐतिहासिक जनादेश दिया।
